जैकराड से हत्या कर तालाब के पार में दबा दी थी ड्राइवर की लाश 

 

कसडोल। उस्ताद की हत्या कर फरार ट्रक के खलासी को अंतत: पुलिस ने सात साल बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया । जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है।

पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक 05.जुलाई 2017 को थाना कसडोल पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम दर्रा में सड़क किनारे स्थित पथर्री तालाब के पार पर मिट्टी में एक शव दबा है। सूचना पर थाना कसडोल पुलिस घटनास्थल पहुंची । शव का पंचनामा कर पहचान के लिए कवायद शुरू की । लाश मिलने की सूचना पर प्रार्थी उजागर सिंह अपने भतीजे ट्रक ड्राइवर राकेश सिंह की तलाश में थाना कसडोल पहुँचा उसने शव की पहचान अपने भतीजे ट्रक क्रमांक CG04 JC 4530 के चालक राकेश सिंह उम्र 30 वर्ष निवासी ग्राम खोरी सरैहाटोला थाना बहरी जिला सीधी मध्य प्रदेश के रूप में किया गया।

यह मामला प्रथम दृष्टया हत्या का लग रहा था। लाश को मिट्टी में दबा दिया गया था । घटना लाश मिलने के 02 से 3 दिन पहले का होना प्रतीत हो रहा था। मामले की जांच में खुलासा हुआ कि ट्रक का खलासी मोतीराम भी घटना के बाद से गायब है। थाना कसडोल में अपराध क्र. 254/2017 धारा 302, 201 भादवि के तहत हत्या और साक्ष्य छिपाने का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में किया गया। संदेही ट्रक खलासी की लगातार पताशाजी पुलिस कर रही थी।

संदेही खलासी के बकुलाही भाटापारा के आसपास छिपे होने की जानकारी पुलिस को मिली। पुलिस की टीम ने मौके पर पहुँच कर खलासी मोतीराम को हिरासत में लिया। पुलिस के मुताबिक मोतीराम ने पूछताछ अपने उस्ताद ट्रक चालक राकेश सिंह की हत्या करनी स्वीकार लिया है।

गाली गलौज कर नहीं देता था पगार

पुलिस को पूछताछ में आरोपी मोतीराम ने बताया ड्राइवर राकेश सिंह के साथ ट्रक में खलासी का काम करता था। ट्रक चालक बार-बार मोतीराम को गाली-गलौज करता था। काम के पैसे मांगने पर ट्रक चालक पैसा नहीं देता था। इसी को लेकर विवाद होने पर आवेश में आकर 02 जुलाई 2017 को जेकराड से राकेश सिंह के सिर पर वार कर दिया। जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मोतीराम ने राकेश सिंह के शव को ग्राम दर्रा में रोड किनारे स्थित पथर्री तालाब के पार के मिट्टी में दबाकर फरार हो गया।

पुलिस ने आरोपी मोतीराम उम्र 27 वर्ष निवासी ग्राम बुडगहन थाना सिटी कोतवाली ट्रक खलाशी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया । कोर्ट ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में उसे जेल भेज दिया है।