5 प्रजातियों की फसल लेने का आया अवसर
बिलासपुर। उद्यानिकी फसलों में पांच ऐसी प्रजातियां हैं, जिनकी बोनी के लिए सितंबर माह से अच्छा और कोई माह नहीं है। खास तौर पर ब्रोकली तो ऐसी सब्जी है जो भरपूर कीमत देती है और हरी मिर्च की मांग पूरे साल रहती है।
उद्यानिकी फसलों में सब्जी की खेती को लेकर जिस तरह शिक्षित युवा रुझान दिखा रहे हैं और बाजार बढ़ रहा है वह, यह बताने के लिए काफी है कि नगदी फसलों में इसका मुकाबला फिलहाल कोई नहीं कर सकता। इसके अलावा बड़ी कंपनियां भी सब्जी की कुशल विपणन नीति के बल पर वेजिटेबल मार्केट में उतर चुकीं हैं। लिहाजा सब्जी की खेती, अब ऐसे हाथों में जा रही है, जिनके पास हुनर, लगन और मेहनत से पीछे नहीं हटने का जज्बा है। ऐसे ही मेहनतकश हाथों के लिए कृषि वैज्ञानिकों ने पांच ऐसी सब्जियों की बोनी की सलाह जारी की है, जो भरपूर उत्पादन और भरपूर आय देती हैं।
पूरे साल मांग में हरी मिर्च
हरी मिर्च और शिमला मिर्च, सब्जियों की ऐसी प्रजाति हैं, जिनकी मांग पूरे साल रहती है। सितंबर का महीना चल रहा है, और यही ऐसा माह है जिसे सब्जी बोने के लिए सबसे बेहतर माना जाता है। ध्यान रखना होगा कि इसके बीज चयन के समय खरीदी में, रोग प्रतिरोधक सीड को ही प्राथमिकता दें।
बिकता है दोनों स्थितियों में
भरपूर विटामिन वाला पपीता, अब हर महीने बाजार में नजर आने लगा है। कच्चा पपीता की खरीदी, सब्जी के अलावा पान मसाला बनाने वाली कंपनियां करने लगी है, तो पका हुआ पपीता हर वर्ग, हर घर में पहुंच बना चुका है।बेड विधि से लगाए जाने पर उत्पादन का लक्ष्य आसानी से हासिल किया जा सकता है। इसमें भी बीज का चयन, मुख्य आधार माना गया है।
ऑर्गेनिक बैगन
बैगन की वैसे तो अनेक प्रजातियां हैं और भरपूर उत्पादन भी देने वाली हैं लेकिन ऑर्गेनिक खेती के बाद मिलने वाले बैगन की पूछ- परख और मांग कुछ ज्यादा ही है। परंपरागत तरीके से खेती करने वाले सब्जी उत्पादक, कीमत को लेकर भले ही असंतोष जताते हों लेकिन ऑर्गेनिक खेती से हासिल उपज हमेशा से बेहतर कीमत देती है। इसलिए बैगन की फसल लेने वाले किसानों को खेती के तरीके में बदलाव लाना होगा।
भरपूर कीमत देने वाली ब्रोकली
महानगर के उपभोक्ताओं की पहली पसंद रही ब्रोकली, अब छोटे और बड़े शहर में पहुंच बना चुकी है। सब्जी की यह प्रजाति, हमेशा भरपूर कीमत देती है। मांग और कीमत के दम पर, ब्रोकली की खेती ग्रामीण क्षेत्र में भी तेजी से फैल रही है। भरपूर उत्पादन देने वाली प्रजातियों में ऐसे बीज की खरीदी को प्राथमिकता देना होगा जिसके पौधों में कीट ना लगते हों।



