बिलासपुर। बैरिस्टर ठाकुर छेदीलाल कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, बिलासपुर व कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, लोरमी-मुंगेली के बी.एससी. (कृषि) तृतीय वर्ष के 47 छात्र-छात्राओं का दल AHPD-5321 (Educational Tour/Field Visit) के अंतर्गत अंतर्राज्यीय शैक्षणिक भ्रमण पर रवाना हुआ।

शैक्षणिक भ्रमण के दौरान छात्र-छात्राओं को ओडिसा के भारतीय जल प्रबंधन संस्थान (IIWM), भुवनेश्वर, आईसीएआर – कृषि में महिलाओं के लिए केंद्रीय संस्थान (CIWA), भुवनेश्वर, आईसीएआर – राष्ट्रीय धान अनुसंधान संस्थान (NRRI), कटक, ओडिशा कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (OUAT), भुवनेश्वर, आईसीएआर – मीठाजल जलीय कृषि के लिए केंद्रीय संस्थान (CIFA), भुवनेश्वर, आईसीएआर – कृषि आर्थिक अनुसंधान केंद्र, भुवनेश्वर और आंध्रप्रदेश के आईसीएआर – केंद्रीय समुद्री मत्स्य अनुसंधान संस्थान (CMFRI), विशाखापत्तनम, आंध्र कृषि महाविद्यालय, आंध्र प्रदेश के उन्नत जल प्रबंधन तकनीक, धान अनुसंधान की नवीनतम विधिया, मीठाजल एवं समुद्री मत्स्य पालन प्रणाली, महिला सशक्तिकरण हेतु कृषि नवाचार, कृषि अर्थशास्त्र एवं नीति विश्लेषण, विश्वविद्यालयों में चल रहे विविध शैक्षणिक एवं अनुसंधान की जानकारी मिलेगा। दल का नेतृत्व डॉ. अर्चना केरकट्टा, डॉ. रोशन परिहार, डॉ. यशपाल सिंह निराला कर रहे हैं। दल अधिष्ठाता, डॉ. एन. के. चौरे, डॉ. एस. एल. स्वामी की उपस्थिति में रवाना हुआ।

    इस अंतरराज्यीय शैक्षणिक भ्रमण के माध्यम से छात्र-छात्राएं न केवल अपने पाठ्य ज्ञान को वास्तविकता से जोड़ सकेंगे, बल्कि यह उनके समस्या समाधान कौशल, व्यावसायिक जागरूकता, और वैज्ञानिक सोच के विकास में सहायक सिद्ध होगा।

    यह भ्रमण निश्चित ही विद्यार्थियों के लिए एक प्रेरणादायक, ज्ञानवर्धक और स्मरणीय अनुभव रहेगा जो उन्हें भविष्य में एक सफल कृषि वैज्ञानिक, उद्यमी या नवप्रवर्तनकर्ता बनने की दिशा में प्रेरित करेगा।