बिलासपुर। बैरिस्टर ठाकुर छेदीलाल कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, बिलासपुर में शिविर आयोजित कर छात्र -छात्राओं, प्राध्यापक व कर्मचारियों का प्रकृति परीक्षण किया गया। अधिष्ठाता डॉ. आर.के.एस.तिवारी के नेतृत्व में प्रकृति परीक्षण हुआ।

डॉ. आकांक्षा चंदेल ने कहा प्रकृति प्रशिक्षण अभियान का उद्देश्य नागरिकों को प्रकृति के आधार पर स्वास्थ्य संबंधी जानकारी देना, बीमारियों की रोकथाम में मदद करना और समग्र कल्याण को बढ़ावा देना है। प्रकृति का परीक्षण आयुर्वेद वॉलिंटियर नेशनल कमीशन ऑन इंडियन सिस्टम ऑफ मेडिसिन के प्रकृति परीक्षण एप से कर रहे हैं।
नूतन कॉलोनी स्थित महाविद्यालय चिकित्सालय में भी अपना प्रकृति परीक्षण छात्र-छात्राएं करवा कर चिकित्सीय सलाह व दवाएं प्राप्त कर सकते हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 दिसंबर तक देश में प्रकृति प्रशिक्षण अभियान चलाने की अपील की है। इस मौके पर बिलासपुर आयुर्वेद कॉलेज के डॉ. मीनू श्रीवास्तव, डॉ. अमृता सिंह, डॉ.कविता प्रधान, सुमित साहू, सुमन मनहर, मीनाक्षी भगत, वैज्ञानिक डॉ. एन.के. चौरे, एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी अजीत विलियम्स सहित छात्र-छात्राएं, प्राध्यापक, कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
