बिलासपुर। हज़रत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों की अज़ीम शहादत को यादकर मुस्लिमों ने  मोहर्रम के दसवें दिन योमे आसुरा के साथ मनाकर अपनी अकीदत पेश की। मोहर्रम की दसवीं तारीख (यानी आसुरा के दिन) के समापन अवसर पर शहर मे सुबह से देर रात तक मोहर्रममय माहोल बना रहा। इस अवसर पर शहर के चिंगराजपारा में शारदा चौक स्थित अजमेरी सय्यद शाह ईमाम बाड़ा में मुजावर जनाब पीताम्बर विश्वकर्मा के द्वारा सवारी उठाई गई, जिसमे सैकडों की संख्या में मुरादियों का हुजूम उमड़ा। सभी ने एक-एक कर बाबा से अपनी-अपनी बातें रखी। वहीं चिंगराजपारा में कौमी एकता का नजारा बना हुआ था। मोहर्रम के इस समापन अवसर पर बड़ी संख्या मे श्रद्धालु उपस्थित थे।

लन्गरो का इंतजाम रहा             
मोहर्रम के आज समापन अवसर पर चिंगराजपारा शारदा चौक स्थित अजमेरी शाह इमामबाड़ा में अकीदतमंदों द्बारा शर्बत, लन्गर का इन्तेज़ाम रखा गया था। वहीं लोगों के द्वारा फातिहा खानी और रोज़े रखकर अपनी श्रद्धा पेश की। शरबत और लन्गर को लोग बड़ी श्रद्धा से ग्रहण कर रहे थे।

मुरादियो का हुजूम उमड़ा            
चिंगराजपारा स्थित शारदा चौक अजमेरी सैय्यद शाह इमामबाड़ा में मोहर्रम मय माहौल को देखने और मुरादें मांगने का सिलसिला देखा गया। हर धर्मों के लोग अपनी अकीदत पेश करते हुए यहां कौमी एकता की मिसाल पेश किया।

कोविड नियमों का पालन           
मोहर्रम के पर्व में कोविड नियमों का पालन करते हुए लोगों ने अपनी श्रद्धा पेश की। आयोजकों सहित श्रद्धालुओं द्वारा मास्क लगाकर अपनी अकीदत का इजहार करते रहे जो सराहनीय रहा।