दीपावली के लिए तैयार चूना बाजार
बिलासपुर। होलसेल लगभग पूरा। बारी रिटेल की। सही राह पर है चूना पाउडर। इसलिए बेहतर की आस है दीपावली पूर्व मांग की। यह इसलिए क्योंकि कीमत बीते साल की ही है। ध्यान ग्रामीण क्षेत्र की ओर है, जहां मांग शहर की अपेक्षा बढ़त ले चुकी है।
डल्ला चूना का बाजार लगभग खत्म होने की स्थिति में आ चुका है क्योंकि उपभोक्ता मांग पाउडर में बढ़ी हुई है। दूसरी वजह यह है कि यह पाउडर फिल्टर किया हुआ होता है। जिससे पुताई आसान होती है। बीते 4 साल से बढ़ती उपभोक्ता मांग को देखते हुए इकाइयों ने पूरी तैयारी की हुई है। होलसेल डिमांड पूर्णता की ओर है। डिस्पैच भी अंतिम चरण में है।

शहर से आगे ग्रामीण क्षेत्र
फिल्टर लाईम पाउडर 5 और 25 किलो के आसान पैक में आते हैं। 80 से 100 रुपए और 380 रुपए में आ रहे यह पैक ग्रामीण क्षेत्र से तेजी से फैलाव ले रहे हैं क्योंकि क्रय शक्ति के भीतर ही मानी जा रही है यह कीमत। आसान परिवहन और कम मात्रा में ज्यादा पुताई का क्षेत्र कव्हर करने की वजह से ग्रामीण क्षेत्र की दुकान और उपभोक्ता प्राथमिकता के साथ खरीदी कर रहे हैं। कुल मांग में लगभग 70 फ़ीसदी हिस्सेदारी ग्रामीण क्षेत्र की ही है।
यह 7 से 10 रुपए
चलन से लगभग बाहर हो चुका है डल्ला चूना। फिर भी उपलब्धता सुनिश्चित करवाई है बाजार ने, यह सोचकर कि छिटपुट मांग पूरी की जा सके। 7 से 10 रुपए किलो जैसी स्थिर कीमत के बीच मांग भी स्थिर ही है। वैसे बाजार भी इसकी खरीदी को लेकर उपभोक्ताओं से ज्यादा आग्रह नहीं करता। फिर भी यदा-कदा निकलने वाली खरीदी का ध्यान रखा हुआ है चूना बाजार ने।

थोक पूरा, बारी चिल्हर की
इकाइयों ने थोक बाजार की मांग के अनुरूप आपूर्ति लगभग पूरी कर दी है। ध्यान अब आपातकालीन स्थिति में निकलने वाली मांग की तैयारी पर है, तो थोक बाजार, चिल्हर बाजार से संपर्क साधने में लगा हुआ है ताकि खरीदी की शुरुआती दौर से पहले ही उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। रुझान इसलिए खुदरा बाजार दिखा रहा है क्योंकि कीमत ठहरी हुई है। ऐसे में बेहतर उठाव की संभावना है।
