आलू, प्याज और लहसुन में गर्मी को एच डी पी का समर्थन
भाटापारा। आलू प्याज और लहसुन में तेजी को अब एच डी पी पैक का भी समर्थन मिल रहा है। यह वह बोरियां हैं जिन्हें कारोबारी बोलचाल में ‘बेबी पैक’ के नाम से पहचाना जाता है। हवादार यह बोरियां भले ही स्थिर है लेकिन संकेत वृद्धि के मिल रहे हैं।
जूट बैग नहीं। अब आलू-प्याज और लहसुन का कारोबार करने वालों को एच डी पी बैग पसंद आ रहा है। कीमत भले ही बेहद तेज बोली जा रही हो लेकिन बेफिक्र होकर ऐसी बोरियां खरीदी जा रहीं हैं। यानी इसकी भी कीमत उपभोक्ताओं से वसूली जा रही है। बढ़ती मांग के बीच अब ऐसी बोरियां बहुत जल्द नई कीमत के साथ उपस्थिति दर्शा सकती हैं।

सबसे आगे ‘बेबी पैक’
चार भिन्न वजन क्षमता वाले एच डी पी बैग में सबसे ज्यादा मांग 5 और 10 किलो वजन क्षमता की बोरियों में निकली हुई है। यह इसलिए क्योंकि कीमत क्रय शक्ति के भीतर और आसान परिवहन की सुविधा मिलती है। छोटी दुकानें और ग्रामीण क्षेत्र के कारोबारी फिलहाल इस बैग की खरीदी कर रहे हैं। कीमत इस वक्त 5 किलो भार वहन क्षमता वाली बोरी में 5 रुपए प्रति नग और 10 किलो वजन क्षमता वाली बोरी प्रति नग 6 रुपए 50 पैसे पर स्थिर है।
इसमें होलसेल की डिमांड
20 किलो और 40 किलो भार वहन क्षमता वाले एच डी पी बैग में होलसेल काउंटरों की भरपूर मांग निकली हुई है। बेबी पैक बैग की तुलना में यह दोनों भले ही दोगुनी हों लेकिन मजबूती बेमिसाल मानी जाने वाली यह बोरियां तेजी से जूट बैग की जगह ले रही हैं क्योंकि जूट बैग की तुलना में कीमत कम ही है। फिलहाल 20 किलो वजन क्षमता वाली बोरियां 9 रुपए प्रति नग और 40 किलो भार क्षमता की प्रति बोरी की कीमत 10 रुपए पर स्थिर है।

अप्रत्यक्ष समर्थन तेजी को
एच डी पी बैग की प्रति नग कीमत से भी आलू-प्याज और लहसुन की तेजी को समर्थन मिला हुआ है। यह समर्थन उपभोक्ताओं को आने वाले दिनों में और भी महंगा पड़ने के संकेत हैं क्योंकि बैग निर्माण ईकाइयां त्यौहारी सीजन के दिनों में संभावित मांग को देखते हुए एच डी पी बैग की प्रति नग कीमत बढ़ाने पर विचार कर रहीं हैं।
