छिपे हैं कई राज, जांच से ही होगा साजिश का पर्दाफाश

बिलासपुर। रतनपुर थाने में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक के निलंबन और अपराध दर्ज हो जाने के मामले का एफआईआर नंबर 286/26 से भी कोई संबंध है क्या। 14 अप्रैल 2026 की रात दस बजे एफआईआर दर्ज होने के बाद क्या हुआ कि तीन दिन पुरानी घटना पर करंट गति की कार्रवाई करनी पड़ गई।  होगी। सब कुछ रिकार्ड है! करनी है निष्पक्ष जांच, साजिश का होगा पर्दाफाश ?

जाने एफआईआर नंबर 286/26

रतनपुर थाना क्षेत्र के महामाया पारा निवासी प्रार्थी दिलेश्वर सिंह मरकाम पिता स्वर्गीय इतवार सिंह मरकाम ने कोरबा जिले के हरदीबाजार थाना क्षेत्र के गांव ढोलपुर खम्हरिया निवासी 41 वर्षीय आरोपी पुरुषोत्तम दास ऊर्फ कबीर सिंह पिता शांति दास मानिकपुरी पर धोखाधड़ी का आरोप लगाकर इसकी शिकायत रतनपुर थाने में की। इस पर 14 अप्रैल 2026 को भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत एफआईआर नंबर 286/26 दर्ज की गई। एफआईआर में दर्ज तहरीर के मुताबिक आरोपी पुरुषोत्तम दास ने बिजनेस आईडिया बताकर  पार्टनरशिप में कबीर एम सुपर मार्ट खोलने 22 लाख रुपए लेकर धोखाधड़ी की । प्रार्थी ने लिखित में बताया कि आरोपी पुरुषोत्तम दास उर्फ कबीर सिंह मानिकपुरी 16 मार्च 2025 को दोपहर में मेरे किराये के मकान में आकर कहा कि आप पढ़े लिखे हो। मेरे पास एक बिजनेस आईडिया है । उसके तहत कबीर एम सुपर मार्ट कटघोरा में खोलने जा रहे हैं । आप भी उसमें शामिल हो जाइए । एक साथ व्यापार करेंगे और जो भी लांभाश आयेगा उसे आपस में बराबर बांट लेंगे।  इस पर दिलेश्वर सहमत हो गया। उसने अलग-अलग फोन के माध्यम से 09 लाख रूपये और 13 लाख रुपए किस्तों में ज्योति विश्वकर्मा, कविता जगत, मिलाप मरकाम, विजय कश्यप के सामने नकद आरोपी पुरुषोत्तम मानिकपुरी को दे दिए। प्रार्थी के मुताबिक आरोपी ने कबीर एम सुपर मार्ट नहीं खोला । इस पर दिलेश्वर ने अपने रुपए वापस मांगे। इस पर आरोपी ने यूको बैंक के 02-02 लाख रुपए के तीन और 05-05 लाख रुपए के दो चेक उसे दिए।‌ यूको बैंक जाने पर पता चला कि उसके खाते में तो इतने रुपए है ही नहीं।  इसके बाद आरोपी ने कोटक महिन्द्रा बैंक में 50 लाख रुपए दिलेश्वर के नाम से जमा कर देने की रसीद दिलेश्वर के मोबाईल नंबर में आरोपी ने अपने मोबाईल नंबर से व्हाट्सएप्प पर मैसेज कर दी। रसीद में कोटक महिन्द्रा बैंक का सील भी लगा दिखाई दे रहा था । व्हाट्सएप्प मैसेज कर आरोपी ने बताया कि मूल राशि नुकसान सहित तुम्हारे खाते में भेज दिया हूँ। रसीद पर कोटक महिन्द्रा बैंक का सील भी लगा दिखाई दे रहा है।  दिलेश्वर के बैंक खाते में कोई राशि जमा नहीं हुई। मोबाइल फोन से पैसा मांगने पर दिल्ली, रायपुर, बिलासपुर, पेंड्रा जैसे अलग-अलग जगह बुलाकर नहीं मिलता । रतनपुर थाना पुलिस ने अपराध दर्ज कर आरोपी पुरूषोत्तम दास ऊर्फ कबीर सिंह पिता शांति दास मानिकपुरी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की गिरफ्तारी कब कहां कैसे हुई की जांच हुई तो खुलेंगे कई राज ?