भाटापारा। सही माप, सही व्यापार और समृद्ध समाज। इस संदेश के साथ जिला विधिक माप विज्ञान विभाग 7 सितंबर से 10 सितंबर तक सत्यापन शिविर लगा रहा है।

बांट, माप- तौल यंत्र, इलेक्ट्रॉनिक्स वेइंग मशीन, लीटर और मीटर सही हैं या नहीं? अब इसकी जांच सूक्ष्मता के साथ होगी। जिला विधिक माप विज्ञान विभाग ने यह शिविर जनक नंदिनी धर्मशाला में लगाया है।

नजर में लीटर और मीटर

तेल और मिल्क मार्केट का मुख्य तौल उपकरण है लीटर। इसी तरह मीटर माप का उपयोग लकड़ी, हार्डवेयर, क्लॉथ और इलेक्ट्रॉनिक गुड्स मार्केट बहुतायत में करता है। शिकायतें खूब आती देख विधिक माप विज्ञान विभाग ने अब इसकी जांच न केवल सूक्ष्मता के साथ करने की ठानी है बल्कि औचक निरीक्षण करने की भी योजना पर विचार कर रहा है। इसके पहले वह इन दोनों माप उपकरणों का सत्यापन करवाने का आग्रह किया है।

अनिवार्य है इनका भी सत्यापन

उपयोग कम हो रहा है तराजू और बांट का। बढ़ रहा है उपयोग इलेक्ट्रॉनिक्स तौल उपकरणों का। शिकायतें भले ही कम हैं लेकिन जो हैं उन्हें पूरी तरह खत्म करने की योजना के साथ विधिक माप विज्ञान विभाग इनका भी सत्यापन करेगा क्योंकि इससे ही सही माप सही व्यापार और समृद्ध समाज जैसे संदेश को हकीकत में बदला जा सकेगा।

7 से 10 सितंबर तक

जनक नंदिनी धर्मशाला में जिला विधिक माप विज्ञान विभाग तौल उपकरणों का सत्यापन शिविर लगा रहा है। 7 सितंबर से 10 सितंबर तक चलने वाले इस शिविर में सभी प्रकार के तौल उपकरणों की सूक्ष्मता के साथ जांच की जाएगी और त्रुटियां मिलने पर आवश्यक सुधार किए जाएंगे।

करवाएं सत्यापन, बचें जुर्माना से

संस्थानों में उपयोग किये जा रहे बांट, माप-तौल यंत्रों का सत्यापन शिविर जनक नंदिनी धर्मशाला में आयोजित है। व्यापारियों से आग्रह है कि शिविर का लाभ उठाएं। बाद के दिनों में औचक जांच में यह औपचारिकता नहीं मिली तो विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी।
डी. वर्मा, निरीक्षक, विधिक माप विज्ञान विभाग, बलौदा बाजार