शासकीय कुक्कुट पालन केंद्र में बर्ड फ्लू का असर
भाटापारा। बर्ड फ्लू। अंडों की आपूर्ति पर सख्त रोक। थोक एवं चिल्हर दुकानों में ताले। कब खुलेंगे ? इस पर अनिश्चय की स्थितियां।
पड़ोसी जिले से होती है शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों को अंडों की आपूर्ति। बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद अंडों का क्रय- विक्रय बंद हो चुका है। फलस्वरुप शहर के दो दर्जन से ऊपर ऐसे स्ट्रीट एग काउंटर बंद हो चुके हैं, जो अंडा और आमलेट बेचते हैं।
सप्लाई बैन
बिलासपुर के शासकीय कुक्कुट पालन केंद्रों में बर्ड फ्लू की शिकायत प्रमाणित होने के बाद कुक्कुट एवं अंडों की बिक्री पर सख्ती से प्रतिबंध लगा दिया गया है। सख्ती इतनी ज्यादा कि जिले से बाहर की आपूर्ति रोकी जा चुकी है। असर शहर में देखा जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र और किराना दुकानें तो पहले ही खरीदी-बिक्री से दूर हो चुकीं हैं।

थोक और खुदरा कारोबार बंद
बर्ड फ्लू की पुष्टि और अंतरजिला आपूर्ति पर रोक के सख्त आदेश के बाद शहर की आधा दर्जन थोक दुकानों ने नए ऑर्डर नहीं देने का फैसला कर लिया है। सीधा असर करीब दो दर्जन स्ट्रीट एग काउंटरों पर देखा जा रहा है, जो बीते तीन दिवस से बंद हैं। यह काउंटर रोजाना शाम को एग रोल, आमलेट और उबले अंडे की बिक्री करतीं हैं।
भाव में 50% की टूट
बर्ड फ्लू और सप्लाई लाइन पर रोक के पूर्व 800 रुपए सैकड़ा की दर पर खरीदे जाते थे अंडे लेकिन प्रतिकूल माहौल में अब यह कीमत 400 से 420 रुपए सैकड़ा पर आ गई है। होलसेल काउंटर शेष बचे अंडों के लिए यह भाव बोल रहे हैं लेकिन 50 फ़ीसदी टूट के बावजूद खुदरा बाजार खरीदी को लेकर रुझान नहीं दिखा रहा है।
