कृषि छात्रों ने ग्राम तुरकाड़ीह को लिया गोद

बिलासपुर। गोद कृषि कार्य कार्यक्रम के तहत ग्राम तुरकाडीह में कृषि कालेज के छात्र- छात्राओं ने किसानों को आधुनिक व पारंपरिक खेती के समावेश के फायदे की जानकारी दी ।

बैरिस्टर ठाकुर छेदीलाल कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, बिलासपुर के बी.एस.सी. (कृषि) चतुर्थ वर्ष के छात्रों ने रावे कार्यक्रम के तहत तखतपुर ब्लॉक के ग्राम तुरकाडीह को गोद लिया है। छात्र- छात्राओं द्वारा यहाँ के किसानों को आधुनिक व पारंपरिक खेती के समावेश के फायदे की जानकारी दी जा रही है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किसानों की आय को बढ़ाना है ।

किसानों को लघु कुटीर उद्योग, कृषि वानिकी, मुर्गी पालन, मत्स्य पालन, गौ व बकरी पालन की जानकारी दी जा रही है। खेती के अलावा उद्यानिकी के अंतर्गत फलदार, बहुउद्देशीय वानिकी वृक्षों से होने वाले आर्थिक  लाभ की  जानकारी दी जा रही है। जिससे किसान अपनी आय में वृद्धि कर सकें। आय वृद्धि के साथ-साथ किसानों को कम लागत में खेती के कार्यों को पूर्ण करने की विधियों के बारे में भी जानकारी दी जा रही है । किसानों को जैविक खाद, जैविक कीटनाशक, मृदा परीक्षण, बीज उपचार आदि की जानकारी दी जा रही है।

तीन महीने चलेगा कार्यक्रम

छात्र आशीष पाटनवार, अंशु तिवारी, अंकित दुबे द्वारा खेत में लाइट ट्रैप, अजोला, मटका खाद, गोबर खाद, केंचुआ खाद बनाने की विधि बताई जा रही है। यह कार्यक्रम 3 महीने तक चलेगा जिसमें  छात्रों द्वारा किसानों को खेती किसानी के साथ ग्रामीण जीवन की जानकारी रिपोर्ट के माध्यम से तैयार की जाएगी । जिससे भविष्य में किसी भी योजना के निर्माण में आसानी होगी।